रोज़े के मसाईल

171235 - वह अपनी कमज़ोरी की वजह से अपने छोड़े हुए रोज़ों की कज़ा करने की ताक़त नहीं रखती है। 93566 - वह रेडियो के अज़ान पर इफ्तार करे या निकट के मुअजि़्ज़न का पालन करे ? 129913 - क्या मगरिब की नमाज़ को खाने पर प्राथमिकता दी जायेगी ॽ या खाने को नमाज़ पर प्राथमिकता दी जायेगी ॽ 11153 - रमज़ान के महीने में खाने और पीने में अपव्यय करना 129869 - वह कौन सा रोज़ेदार है जिसको रोज़ा इफ्तार कराने पर मुसलमान को सवाब मिलता है ॽ 112142 - क्या सेहरी में पानी पीना पर्याप्त है ॽ 108455 - उसे रमज़ान में क़ुरआन पढ़ने के लिए समय नहीं मिलता 93160 - फज्रे सादिक़ का समय 130209 - रोज़ेदार को चाहिए कि सेहरी करने का लालायित बने चाहे थोड़ी ही क्यों न हो 108229 - क्या अपने पति की मृत्यु की इद्दत गुज़ारने वाली महिला तरावीह की नमाज़ और काम काज के लिए बाहर निकल सकती है ? 105362 - उस व्यक्ति के रोज़े का हुक्म जो केवल रमज़ान में नमाज़ पढ़ता है 111513 - रोज़ेदार के लिए खाना जायज़ है जबकि उसे फज्र के निकलने में संदेह हो, हालाँकि उसके लिए रोज़ा इफतार करना जायज़ नहीं है जबकि उसे सूरज के डूबने में संदेह हो 156110 - क्या औरत के लिए जानबूझ कर रमज़ान में मासिक धर्म को जारी करना जाइज़ है ॽ 22909 - मुसलमान रोज़े की नीयत कैसे करे ? 13179 - परीक्षा के कारण रमज़ान में रोज़ा तोड़ देने का हुक्म 12470 - रोज़ेदार रोज़ा कब इफतार करे ॽ 12602 - फज्र से कुछ मिनट पहले खाने पीने से रूक जाना बिदअत है 1730 - उन देशों में रोज़ा रखना जिनमें दिन बहुत छोटा या बहुत लंबा होता है