शुद्धता और नमाज़ पर ख़ून के निकलने और घाव के पानी का प्रभाव

3,779

प्रश्न 96272

मैं मुँहासों से पीड़ित हूँ, जो चेहरे और कंधे पर प्रकट होते हैं। कभी-कभी इन मुँहासों में जलन होता है और वे सूज जाते हैं, और अंत में वे फूट जाते हैं और उनमें से खून निकलता है, और कभी-कभी इस सूजन से एक पीला तरल (मवाद) निकलता होता है। कभी-कभी यह खून मेरे कपड़ों पर लग जाता है; तो क्या मुझे नमाज़ पढ़ने के लिए इन कपड़ों को बदलना और इन्हें धोना चाहिए?  

उत्तर का पाठ

हर प्रकार की प्रशंसा एवं गुणगान केवल अल्लाह के लिए योग्य है, तथा दुरूद व सलाम की वर्षा हो अल्लाह के रसूल पर। इसके बाद :

प्रथम : 

आगे और पीछे के रास्ते के अलावा से निकलने वाले खून के बारे में फुक़हा के बीच मतभेद है कि इससे वुज़ू टूट जाता है या नहीं टूटता है। इसका वर्णन प्रश्न संख्या (45666) के उत्तर में पहले ही किया जा चुका है, और यह कि सबसे प्रबल दृष्टिकोण यह है कि यह वुज़ू को अमान्य नहीं करता है। यही इमाम मालिक और इमाम शाफेई रहिमहुमुल्लाह का दृष्टिकोण है और इसी को शैखुल-इस्लाम इब्ने तैमिय्यह रहिमहुल्लाह ने अपनाया है।

दूसरा :

आपके कपड़ों पर जो भी खून या मवाद लग जाता है, अगर वह थोड़ा-सा है, तो उसमें नमाज़ पढ़ने में आप पर कोई आपत्ति नहीं है, लेकिन अगर वह बहुत अधिक है, तो फुक़हा की बहुमत के अनुसार आपके लिए इसे धोना या बदलना अनिवार्य है।

कुछ विद्वानों का मत यह है कि किसी मनुष्य के शरीर से दो मार्गो को छोड़कर जो रक्त निकलता है वह शुद्ध होता है, अशुद्ध नहीं होता।

शैख इब्ने उसैमीन रहिमहुल्लाह ने फरमाया : “जो कहता है कि मानव रक्त पाक है, उसका कथन बहुत मज़बूत है, क्योंकि पाठ (नस) और क़यास इसे इंगित करते हैं।”

“अश-शर्ह अल-मुम्ते'” (1/443) से उद्धरण समाप्त हुआ।

संदर्भ

अशुद्धता (गन्दगी) को हटाना
वुज़ू तोड़ने वाली चीज़ें

स्रोत

साइट इस्लाम प्रश्न और उत्तर

at email

न्यूज़लेटर

इस्लाम प्रश्न और उत्तर वेबसाइट के न्यूज़लेटर की सदस्यता लें

phone

इस्लाम प्रश्न और उत्तर एप्लिकेशन

सामग्री तक त्वरित पहुँच और ऑफ़लाइन ब्राउज़िंग के लिए

download iosdownload android